आज के तेज़ी से बदलते टेक्नोलॉजी वर्ल्ड में सिर्फ़ बढ़िया कोड लिखना ही काफ़ी नहीं है। Backend Software Engineer होने के नाते, आपका काम इस कोड को सही से रन करवाना, स्केलेबल बनाना<...
आज का सॉफ्टवेयर वर्ल्ड माइक्रोसर्विसेस और कंटेनराइजेशन की ओर बढ़ रहा है। ऐसे में Kubernetes यानी K8s सबसे ज़रूरी और शक्तिशाली टूल बन चुका है — कंटेनर को मैनेज करने, स्केल करने और ऑटोमैटिकली डिप्लॉय करने के लिए।
आज के डिजिटल युग में हर कंपनी और सिस्टम बड़े पैमाने पर डेटा जनरेट कर रहा है — चाहे वो लॉग्स हों, यूज़र इंटरैक्शन, मशीन डेटा या ट्रांजैक्शन रिकॉर्ड्स। इस डेटा से रीयल-टाइम इनसाइट्स निकालना आसान नहीं है, खासकर जब डेटा ह...
आज के तेज़ी से बदलते सॉफ्टवेयर डेवलपमेंट के दौर में Continuous Integration (CI) और Continuous Deployment (CD) जैसे DevOps प्रैक्टिसेज़ बेहद ज़रूरी हो गई हैं। ये प्रैक्टिसेज़ डेवलपर्स को तेज़, लगातार और भरोसेमंद तरीक़े...